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कभि दिल को कभि शमाको जलाकर रोंए

कभि दिल को कभि शमाको जलाकर रोंए –––तेरी यादको दिलसे लगााकर रोंए––– रात कि गोद में जब सो गयी सारी दुनिया –––चाँदको तेरी तस्बिर बनाकर रोंए––

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अगर ये जानना चाहो के कोई कैसे बिखरता है ?

अगर ये जानना चाहो के कोई कैसे बिखरता है ? बिखरके कैसे जिता है ? चमन मे तुम चले जाना सर्द मौसम मे वहा पत्तो को देखो तुम या फिर आइना लेके उसे ...

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धेरै रोए जिन्दगीमा अब रुन्न होला,

धेरै रोए जिन्दगीमा अब रुन्न होला, जिन्दगीमा हाम्रो भेट यहाँ हुन्न होला हाँसो छर्छु अरुलाई आँशु आफै संग, त्यो आँशुले यो सासलाई अब छुन्न होला ...

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फुलहरु ओइली झर्छन ,बिजहरु भुइमा खस्छन

फुलहरु ओइली झर्छन ,बिजहरु भुइमा खस्छन बारीभरी ढाकी आउछन ,जुन फेरी उदाइ आउँला तर जीवन नआउने रे ! जीवन फर्काइ दिने कोही छन् भने उसैलाई पुजा गर...

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आज वो मुद्दत मे बाद आई भि, बस ये केहने

आज वो मुद्दत मे बाद आई भि, बस ये केहने “जाना” मेरे सारे खत लौटा दो, सब तस्बिरे, कलम, किताबे वापीस करदो सारे तोफे मुझसे सब कुछ मांगने वाली जा...

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एक मोहब्बत है और उसकी निशानी है

––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––– एक मोहब्बत है और उसकी निशानी है ––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––––– एक मोहब्बत ह...

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मैले तिमिलाई माया गर्दा

मैले तिमिलाई माया गर्दा तिम्रो मन रुन्छ भने, मैले गर्दा तिम्रो जिवन औसींको रात हुन्छ भने, भो कसैंको हाँसो खोसी ओठमा हाँसो भर्दिन म, एउटा हास...

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–––––––“वो तो बारीश कि बुंदे देख कर खुश होते है”–––––––

–––––––“वो तो बारीश कि बुंदे देख कर खुश होते है”––––––– “मगर उन्हे क्या मालुम हर गिरने वाला कतरा पानी नहि होता” —

आज कुछ पुरानी यादें फिर............

आज कुछ पुरानी यादें फिर............

आज कुछ पुरानी यादें फिर ताजा होई जैसे कोई गुनहगार कि तरह उसके सामने से जा रहा था, बस जैसे फाँसी लगने वाली हो, जान निकल रहि थी, पर अपने ...

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एउटा मानिस................

रातो पोतिएको त्यो बिशाल आकाश तल अस्ताइरहेको सूर्य सामु अस्तित्वको निरन्तर खोजी...... एउटा मिठो सपना अनि त्यो सपनाको निम्ति एउटा मिठो संघर्ष....

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ये दर्द अपनो ने दिया है तो कोई बात नहिं

ये वफा का सिला है तो कोइ बात नहिं ये दर्द अपनो ने दिया है तो कोई बात नहिं ये बहोत है वो देखते है किनारे से, हम डुब रहे है तो कोई बात नहिं

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लौट आवो के फिर ये ऐतबार ना मिलेगा,

लौट आवो के फिर ये ऐतबार ना मिलेगा, ये मोहब्बत, ये ऐहसास, ये प्यार ना मिलेगा, मांगा है रबसे दुवाओ मे तुझे रो–रो कर, हम जैसा फिर कोई तुझे तलबग...

 
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